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: सांसद सनातन पाण्डेय ने अमर शहीद मंगल पाण्डेय को 'भारत रत्न' दिए जाने की उठाई मांग

नईदिल्ली/बलिया। 12 मार्च। (डी एन एन)। 1857 की क्रांति के अग्रदूत एवं स्वतंत्रता संग्राम के प्रथम शहीद तथा बलिया की बलिदानी माटी के लाल शहीद मंगल पांडेय को भारत रत्न दिए जाने की मांग करते हुए बलिया लोकसभा सीट से सांसद सनातन पांडेय ने केंद्र सरकार से मांग किया है कि संसद स्थित संविधान सदन में मंगल पांडेय जी की आदमकद प्रतिमा स्थापित की जाए। संसद के मौजूदा सत्र में प्रश्नकाल के बाद नियम 377 के तहत मुद्दा उठाते हुए सांसद सनातन पांडेय ने मांग किया कि मंगल पांडेय जी के पैतृक गांव नगवां (बलिया, उत्तरप्रदेश) को पर्यटक स्थल घोषित किया जाएं। बलिया से देश के विभिन्न शहरों के लिए मंगल पांडेय जी के नाम पर रेल गाड़ियां चलवाई जाएं। इसके साथ ही बलिया रेलवे स्टेशन पर भी मंगल पांडेय जी की आदमकद प्रतिमा स्थापित करने के साथ ही स्मारक बनवाया जाए, एवं उनके द्वारा स्वतंत्रता संग्राम में किए गए योगदान को वहां पर अंकित किया जाए। संसद में उक्त मांगों को रखने से पूर्व सांसद पाण्डेय ने कहा कि, सबसे पहले मैं भारत के उन वीर सपूतों के चरणों में अपना श्रद्धा सुमन अर्पित करता हूं जिन्होंने देश की आजादी दिलाने के लिए अपने प्राणों की आहुति दिया। यह उनके बलिदान का ही परिणाम है कि आज पक्ष और विपक्ष सदन में बैठकर देश की प्रगति के लिए चर्चा कर रहा है। अपने महापुरुषों को सम्मान देने की परंपरा भारत में रही है। इसी क्रम में 1857 की क्रांति के प्रथम स्वतंत्रता संग्राम सेनानी मंगल पांडेय जी जो ग्राम नगवां, जनपद बलिया, उत्तर प्रदेश के रहने वाले थे, भारत के प्रथम स्वतंत्रता संग्राम के लिए सैनिक विद्रोह करके अंग्रेजों के खिलाफ बिबुल फूंकने वाले महान स्वतंत्रता संग्राम सेनानी क्रांतिकारी मंगल पांडेय जी जिस सम्मान के हकदार थे, वह सम्मान आजादी के 78 वर्ष पूरे होने के बाद भी उन्हें प्राप्त नहीं हुआ है। इसलिए केंद्र सरकार हमारी उपरोक्त मांगें हैं जिसे सरकार शीघ्र पूरा करे।

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