BREAKING NEWS

जनपद के सर्वोच्च अधिकारी द्वय ने जनशिकायतों को सुनकर शिकायतों का उचित,गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के निर्देश दिए

विधेयक के पक्ष में 298 और विपक्ष में 230 मत पड़े लेकिन 2/3 मत पक्ष में न होने के कारण पारित न हो सका

लोकतंत्र को और मजबूत बनाएगा नारी शक्ति वंदन अधिनियम-जिलाधिकारी बलिया

समाजवादी पार्टी के नेता व विधान सभा में पूर्व नेता प्रतिपक्ष रामगोविन्द चौधरी ने अपने गुरु को किया याद

शारीरिक व मानसिक रुप से फिट रहने के लिए लगवाई दौड़,टोलीवार कराया गया ड्रील,दंगा नियंत्रण उपकरणों के साथ अभ्यास

Advertisment

: उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ ने प्रधानाध्यापक का समायोजन न करने,प्रधानाध्यापक का चिन्हांकन 151 व 100 की संख्यावाले बच्चों से न करने और शिक्षकों की संख्या की गणना में शिक्षामित्रों को न गिनने की की मांग

लखनऊ/बलिया। उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ ने बेसिक शिक्षा मंत्री (उत्तर प्रदेश शासन, स्वतंत्र प्रभार) को पत्र लिखकर मांग किया है कि सरप्लस प्रधानाध्यापक का चिन्हांकन 151 की संख्या को प्राथमिक व 100 की छात्र संख्या को उच्च प्राथमिक में मान कर जो समायोजन की प्रक्रिया गतिमान है उसमें शिक्षा का अधिकार अधिनियम 2009 के इस नियम पर संघ/संगठन ने बार बार अपनी आपत्ति दर्ज कराई है और सरकार ने माना भी है।संगठन मांग करता है कि किसी भी प्रधानाध्यापक का समायोजन न किया जाय। शिक्षामित्रों की गणना शिक्षकों की गणना में शामिल किया जा रहा है ऐसा न किया जाय क्यों कि शिक्षामित्रों को अध्यापक न मानकर ही न्यायालयों ने इनकी सेवा अध्यापक पद से समाप्त किया था और ये शिक्षक शिक्षामित्र बना दिए गये थे। साथ ही ऐसे सहायक अध्यापक या प्रधानाध्यापक जिनकी सेवा दो वर्ष से कम रह ग ई है उनका समायोजन न किया जाय। दिव्यांग व असाध्य रोग से ग्रसित का समायोजन न किया जाय। मान्यता प्राप्त संघ के निर्वाचित अध्यक्ष व मंत्री के समायोजन में शिथिलता प्रदान किया जाय।  

विज्ञापन

जरूरी खबरें